सेक्सी फिगर वाली आंटी

हैलो दोस्तों कैसे हो आप सब chudai kahani com के सभी दोस्तों के लिये मैं अपनी पहली aunty sex story in hindi लेकर आया हूं ये आंटी की चुदाई की कहानी है इसलिए कोई गलती हो गयी हो तो प्लीज़ मुझे माफ कर देना

Aunty Sex Story in Hindi

मेरा नाम सुनील वर्मा है मैं राजस्थान के जोधपुर शहर का रहने वाला लड़का हूं मैं देखने में अच्छा खासा हूं और मेरे लंड का आकार 7 इंच है मुझे chudai kahani com की कहानियां पढ़कर बहुत मजा आता है

यह मेरी पहली hindi sex story aunty है इसलिए कोई गलती दिखे तो प्लीज़ मुझे माफ कर देना यह कहानी उस समय की है जब मैं करीब 20 साल का था उस टाइम हमारे पड़ोस में एक मस्त आंटी रहती थीं

उनका नाम जानकी था उनका पति नौकरी करता था जो सुबह जाता और सीधे रात को ही वापस आता था सेक्सी आंटी की उम्र लगभग 45 साल की थी और उनका फिगर बड़ा ही मस्त था

आंटी के मम्में 36 इंच के थे कमर 30 की थी और उनकी गांड तो इतनी बाहर को निकली हुई थी कि जो भी आंटी को एक बार देख भर ले उसका लंड तुरंत खड़ा हो जाए

मैं जब भी आंटी को देखता तो उनके नाम की मुठ जरूर मारता था मेरे और आंटी के बीच बहुत बनती थी वो अक्सर मुझे कुछ ना कुछ काम के लिए बोलती रहती थीं

एक दिन की बात है उन्होंने मुझसे बोला- सुनील मुझे मार्किट जाना है क्या आप मुझे ले चलोगे?

मैं बोला- हां क्यों नहीं आंटी चलो

फिर उन्होंने बोला- रुको मैं 5 मिनट में तैयार होकर आती हूं

फिर 5 मिनट बाद उन्होंने मुझे आवाज दी- चलो मैं रेडी हूं

मैंने सोचा आंटी आप तो आज रेडी हो मगर मैं तो कबसे आपको चोदने के लिए रेडी हूं यह सोचता हुआ मैं बाहर आ गया और आंटी को देखने लगा

आंटी बड़ी मस्त लग रही थीं मुझे यूं घूरता हुआ देख कर आंटी बोलीं क्या हुआ ऐसे क्या देख रहे हो मुझमें कोई कमी दिख रही है क्या?

मैंने पलट कर जवाब दिया- आंटी आप में कोई कमी ही तो नहीं दिख रही है यही तो समस्या है

मुझे फ्लर्ट करते देख कर आंटी हंस दी और बोलीं अब ये मसखरी छोड़ो और जल्दी चलो वापस भी आना है

आंटी मेरे करीब आयी और मैंने उनको अपने पीछे बैठने का इशारा किया आंटी गांड उचका कर सीट पर बैठ गयी जैसे ही आंटी बैठीं तो उन्होंने मेरे कंधे का सहारा लिया और बैठते समय उनका शरीर मेरी पीठ से रगड़ गया मुझे इतने में ही तरन्नुम आ गयी थी

मैंने बाइक आगे बढ़ा दी हम बाइक पे चल दिए बाजार जाकर आंटी ने कुछ सामान लिया और एक शॉप से उन्होंने अपने बेटे के लिए चॉकलेट ले ली फिर हम घर की ओर चल दिए

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आधे रास्ते में पहुंचने पर आंटी ने मुझसे एक सवाल पूछा सुनील आपकी कोई गर्लफ्रेंड है या नहीं?

मैंने बोला- आंटी आप ये क्या पूछ रही हो?

आंटी ने बोला- शर्माने की कोई बात नहीं आप मुझे बता सकते हो

मैं मना किया कि मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है

आंटी बोलीं- क्यों नहीं है कोई मिली नहीं क्या?

मैंने कहा- हां आप ऐसा ही समझ लो कि अभी तक मन की कोई मिली ही नहीं

आंटी बोलीं- कैसी चाहिए?

मैं बोला- आंटी आप जैसी चाहिए मुझे अभी तक आप जैसी कोई मिली ही नहीं

इस पर आंटी ने बोला कि मुझमें ऐसा क्या ख़ास है?

मैं बोला- आंटी सब कुछ तो खास है आपमें सच में अंकल बहुत किस्मत वाले हैं जो उनको आप जैसी वाइफ मिली है

फिर आंटी बोलीं- अच्छा जी पर मुझे पहले ये तो बताओ कि आपको मुझमें ऐसा क्या खास दिखा है ये बताओगे जरा?

मैं बोला- छोड़ो आंटी

आंटी ने जिद करते हुये कहा- बताओ ना यार?

मैंने बोला- आपका फिगर आपका फेस सब कुछ मस्त है

उन्होंने बोला- अच्छा आपको मेरा फिगर मस्त लगता है ये कहते हुये आंटी हंस दी

अब तक हम दोनों घर पहुंच गए थे फिर उन्होंने बोला चलो जरा मेरा सामान अंदर रखवा दो मैं सामान अंदर रखने गया सामान रख कर मैं वापस निकल रहा था

तो आंटी ने बोला- लो चॉकलेट तो खा लो

मैंने बोला- ओके आंटी लाओ दे दो

फिर मैं बोला- आंटी आप भी तो खा लो

तो वो मेरे पास को आईं आंटी ने चॉकलेट मेरे मुंह में रख कर अपने होंठों को मेरे होंठों से मिला कर चॉकलेट खाने लगीं उनके ऐसा करते ही मेरी तो सांस ही रुक गयी

मैं हतप्रभ था लेकिन बस चुपचाप उनका साथ दिए जा रहा था आंटी के गर्म होंठों से मुझे भी बहुत गर्मी चढ़ने लगी फिर 5 मिनट बाद मैं भी उनको किस करने लगा

उसके बाद उन्होंने मेरा हाथ ले कर अपने मम्मों पर रखा और ब्लाउज के ऊपर से ही दूध दबवाने लगीं कोई दस मिनट तक ऐसा ही चला फिर आंटी की चूत चुदाई के लिए बेचैन होने लगी तो वो मुझसे अलग होते हुये बोलीं चलो रूम में चलते हैं

मैं आंटी के साथ उनके बेडरूम में आ गया रूम में जाते ही मैंने रूम का गेट बंद किया और उनको किस करने लगा फिर मैंने उनकी साड़ी उतार दी और ब्लाउज के ऊपर से उनके बड़े बड़े मम्मों को दबाने लगा

कुछ मिनट तक ऐसे ही करने के बाद मैंने आंटी का ब्लाउज और पेटीकोट खोल दिया अब आंटी सिर्फ पिंक ब्रा और पैंटी में मेरे सामने रह गयी थीं

मैंने आंटी को बिस्तर पर लेटा दिया और उनके ऊपर आ गया मैं उनको किस करते करते उनके मम्में दबाने में लग गया अब तक आंटी भी चुदास से भर गयी थीं वे बिस्तर से उठीं और उन्होंने अपनी ब्रा और पैंटी उतार कर फेंक दी

इसके बाद आंटी ने मेरे भी सारे कपड़े खोल दिए पूरी तरह से हम दोनों नंगे हो चुके थे मेरा लंड छत की तरफ मुंह उठाए खड़ा था

आंटी बेड पर लेट कर बोलीं- आजा मेरे राजा खा जा मेरी इस जवानी को

बस इतना सुनते ही मैं आंटी के ऊपर चढ़ गया और उनके बड़े बड़े मम्मों को दबाने और चूसने में लग गया आंटी मेरे बालों में हाथ फेरते हुये बोल रही थीं आह्ह चूस लो मेरे राजा खा जा इनको आह्ह और चूस

फिर मैं थोड़ा नीचे आकर उनके पेट पर किस करते हुये उनकी चूत तक पहुंच गया पहले तो मैंने उनकी चूत के ऊपर किस किया और फिर उसके आस पास किस किया

उतने में आंटी सिसकारियां लेते हुये बोलीं सुनील अब इतना मत तड़पाओ चूस लो खा जाओ मेरे चूत को ये मुझे बहुत परेशान करती है साली को लंड ही नहीं मिलता

मैं ये सुनकर थोड़ा चौंका फिर मैंने आंटी की चूत पे मुंह रख दिया आंटी की चूत पहले से ही गीली हो चुकी थी

मैंने जैसे ही अपनी जीभ उनकी चूत पर लगाई उन्होंने मेरा सर चूत में घुसा दिया मैं भी उनकी चूत चाटने लगा

आंटी मादक सिसकारियां लेते हुये बोल रही थीं उम्मम आह्ह हाय ओह्ह हां ऐसे ही चूसो आह्ह और तेज हां खा जाओ इसको हां और तेज

वो मेरा सर जोर से अंदर डालने लगीं फिर वो झड़ गयी और मैं उनकी चूत का सारा पानी पी गया क्या मस्त टेस्ट था यार मजा आ गया

फिर आंटी खड़ी हुई और मुझे बेड पर धक्का दे कर खुद घुटनों पर बैठ गयी अब वो मेरा लंड चूसने लगीं आंटी लंड चूसते हुये बोल रही थीं क्या मस्त लंड है तेरा सुनील तेरे अंकल का तो इसका आधा भी नहीं है

उनको चुदाई में मन ही नहीं लगता है आज तो तू मेरी चूत फाड़ ही देगा बस आंटी लंड चूसने में मस्ती से लग गयी आंटी मेरे लंड को ऐसे चूस रही थीं जैसे कोई बच्चा लॉलीपॉप चूसता है

कुछ मिनट तक लंड चूसने के बाद मैंने आंटी को बेड पर लेटा दिया और उनके पैरों को फैला दिया मैंने लंड को हिलाया और उनकी टांगों के बीच में आकर उनकी चूत पर रगड़ने लगा

मेरी सेक्सी आंटी तो बिन पानी की मछली की तरह तड़पने लगी थीं वे सिसकारियां लेते हुये बोलीं मेरे राजा और मत तड़पा अपनी आंटी को जल्दी से डाल दो अपना लंड अपनी आंटी की चूत के अंदर पेल दे

मैंने भी आंटी को ज्यादा तड़पाना ठीक ना समझा और बस लंड को उनकी चूत के छेद पर रख कर एक धक्का लगा दिया इस पहले ही तगड़े धक्के से मेरा आधा लंड आंटी की चूत में अंदर घुस गया

तभी आंटी की जोर से चीख निकल गयी- उम्मम आह्ह हाय ओह्ह

आंटी दर्द से तड़फते हुये बोलीं- आह्ह्ह सुनील बहुत मोटा है मर गयी इसे जल्दी से बाहर निकालो आह्ह इसको निकालो

मैं आंटी के ऊपर पूरी तरह से छा गया और उनको किस करने लगा उनके मम्मों को दबाने लगा थोड़ी देर बाद उनका दर्द कम हुआ तो मैंने एक और जोरदार धक्का दे मारा इस बार मेरा पूरा लंड अंदर चला गया

फिर मैं कुछ देर आंटी के ऊपर लेटा रहा आंटी के सामान्य होने के बाद मैंने धक्के मारने शुरू कर दिए अब आंटी भी नीचे से अपनी गांड उठा उठा कर चुदवा रही थीं और बोल रही थीं आह्ह और जोर चोद मुझको हां ऐसे ही तेरा लंड मेरी चूत की पूरी खुदाई कर रहा है आह्ह

यह सिलसिला 30 मिनट तक चला उसके बाद मैंने बोला आंटी मेरा आने वाला है कहां निकालूं?

आंटी बोलीं- मेरी चूत में ही झड़ जा ये बहुत दिन से सूखी है

फिर 5-6 धक्कों के बाद मैं आंटी की चूत में ही झड़ गया और उनके ऊपर लेट गया इसके बाद आंटी की चूत मुझे हमेशा ही चोदने के लिए मिलने लगी कुछ दिनों बाद उनकी गांड मारने की ख्वाहिश भी जोर मारने लगी मैंने आंटी की बड़ी गांड कैसे मारी वो मैं अगली सेक्स कहानी में बताऊंगा

आपको ये मेरी hindi sex story aunty कैसी लगी उम्मीद है आपको ये aunty sex story in hindi पढ़कर मजा आया होगा और hindi sex story aunty पढ़ने के लिये आप chudai kahani com पर आते रहे यहां पर आपको बहुत सारी hindi sex story aunty पढ़ने को मिलेगी