मां ने ताई की चूत दिलवाई- 1

हैलो दोस्तों कैसे हो आप सभी आप मेरी इस maa beta sex story में पढ़ेगे कैसे मेरे परिवार में मैं और मेरी मां ही थे हम एक कमरे के घर में रहते थे तो मुझे मां अक्सर नंगी दिख जाती और फिर एक रात मेरे और मां के बीच शारीरिक संबंध बन गए अब मैं आपका ज्यादा समय ना लेते हुए अपनी maa beta sex story शुरू करता हूं

Sex Story Maa Beta Hindi 1

मेरा नाम नरेश है अभी मेरी उम्र 24 साल की है ये maa beta sex story मेरी और मेरी मां की chudai kahani है इस maa beta sex story की शुरूआत चार साल पहले हुई थी मां का नाम प्रतिभा है मेरे पिताजी तो काफी साल पहले गुजर गए थे

हम लोग काफी रईस है हमारी अलग अलग जगह प्रॉपर्टी है हम जिस घर में रहते थे वहां अब बिल्डिंग बनने वाली थी इसलिए ठेकेदार ने हमें कुछ समय रहने के लिए एक अलग जगह पर मकान दिला दिया बिल्डिंग बन जाने के बाद में हम लोग फिर से हमारे इसी घर में ही रहने वाले थे

यह जो नया घर था वो ठेकेदार ने दिलाया था पर ये रहने के काफी छोटा था इसमें एक रूम और रसोई ही था लेकिन ठीक है हम दोनों ही तो थे मैं और मेरी मां

उस वक्त मेरी उम्र 20 साल की थी और मां की 42 साल थी मेरी मां वैसे दिखने में कुछ खास नहीं है लेकिन बुरी भी नहीं थी वो थोड़ी मोटी है उनकी गांड कुछ ज्यादा ही बड़ी थी उनके मम्में भी काफी बड़े थे वो हमेशा साड़ी ही पहनती थी रात को भी साड़ी पहन कर ही सोती थी

मां साड़ी हमेशा पल्लू से कवर करके ही रहती थी वो जब बाहर जातीं तो पल्लू हमेशा सामने ही रखतीं

कुछ दिन ऐसे ही गुजर गए वो जब घर का काम करतीं तब मैं उनकी हर हलचल देखता रहता वो जब नहा कर बाहर आतीं तब साड़ी रसोई में ही बदलती थी

एक दिन दोपहर में ऐसा हुआ कि मैं चादर ओढ़े सो रहा था

मां ने कहा- बेटे मैं थोड़ी देर के लिए नीलम चाची के पास जा रही हूं तू सो जा मैं अभी आती हूं

मैंने नींद में चादर से ही हां बोल दिया

मैंने चादर अपने मुंह से ओढ़ी हुई थी तभी मुझे चूड़ियों के खनकने की कुछ आवाज आयी मेरी चादर में एक छेद था मैंने उस छेद से देखा तो मां मेरे सामने ही साड़ी बदल रही थी मैंने सोने की एक्टिंग की और मैं चादर के छेद से ही देखता रहा

मां को लगा होगा कि ये सो रहा है उन्होंने अपना पल्लू निकाला साड़ी नीचे गिरा दी जैसे ही मां ने अपना पल्लू हटाया उनके बड़े बड़े मम्में मुझे दिखाई दिए जो ब्लाउज के आधे बाहर थे

मैंने देखा कि उनके मम्में असल में बहुत बड़े थे जिसके कारण ब्लाउज का एक बटन नहीं लगा था

अब धीरे धीरे करके मां ने साड़ी उतार दी उनकी फैली हुई गांड तो उनके मम्मों से बहुत बड़ी थी

वो देख कर मेरा लंड उठ गया फिर उन्होंने ब्लाउज खोला तो देखा कि उनकी ब्रा भी बड़ी छोटी सी थी जिसमें से उनके मम्में तो ऐसे बाहर निकल रहे थे जैसे कि वो कभी भी उछल कर बाहर आ सकते हों ऐसा लग रहा था

मैं सब चादर के छेद से देख रहा था

फिर उन्होंने दूसरी साड़ी पहनी दूसरा ब्लाउज पहना उस ब्लाउज को पहनते वक्त उन्होंने नीचे से बटन लगाए और ऊपर का बटन नहीं लगाया दरअसल वो लग भी नहीं सकता था ब्लाउज बड़ा टाईट था

मां ने अपना पल्लू आगे लिया और दरवाजा खोल कर चली गई उनके जाने के बाद मुझसे रहा नहीं गया और मैंने मां के नाम से मुठ मारी

थोड़े दिन ऐसे ही गुजर गए मैं हमेशा चादर से नींद के बहाने उन्हें चादर के छेद से साड़ी बदलते देखने लगा

बाकी मुझे जब भी मौका मिलता मैं उन्हें देखता रहता रात को वो जमीन पर सोती थी और मैं बेड पर

हम बाथरूम की लाइट को ऑन रखते थे तो हल्का सा उजाला आता था

एक दिन रात मैं बेड पर सोया था मेरी अचानक नींद खुली मैंने देखा तो मां सोई हुई तो थी लेकिन उन्होंने अपनी साड़ी ऊपर ली हुई थी और उनका हाथ उनकी चूत पर था वो अपनी एक उंगली चूत में डाल कर सोई थी यह देख कर मेरा लंड फिर जाग उठा और मैंने फिर चादर में ही मुठ मारी

अब ये हमेशा होने लगा उनका साड़ी बदलना और रात को उंगली चूत में डाल कर सोना ये मैं हमेशा सोने की एक्टिंग करके देखने लगा

एक रात मुझे नींद नहीं आ रही थी मैं करवटें ले रहा था

तभी मां की आवाज आयी- क्या हुआ बेटे नींद नहीं आ रही? आ जा आज तू मेरे बाजू में सो जा

मैं तुरंत ही मां के बाजू में जाकर सो गया उन्होंने मेरे ऊपर हाथ रखा हम उस रात एक दूसरे से चिपक कर सो गए

फिर रोज ऐसा ही होने लगा रात को हम चिपक कर सोने लगे मैं तो मेरा मुंह मां के मम्मों के बीच में ही रख कर सोता था कई बार तो मां का हाथ मेरे लंड को भी लगता और तो कई बार मेरा लंड मां की गांड में भी लग जाता था ये तब होता था जब वो मेरी तरफ पीठ करके सोती थी

मां बातें करने में वैसे फ्री थी खुल कर बातें करती थी

एक दिन ऐसा हुआ सोते वक्त मैंने मेरा हाथ मां के पेट पर रखा और अपनी एक उंगली मां की नाभि में घुसा दी वो थोड़ी मोटी थी उनका पेट थोड़ा बड़ा था इसलिए उन्होंने नाभि खोल ली थी

मुझे उनकी नाभि में उंगली करने में मजा आ रहा था उनका भी कोई विरोध नहीं था अब ये रोज होने लगा मैं मां की नाभि में उंगली डाल कर सोता

ऐसे ही तीन चार दिन बीत गए

फिर एक दिन मुझे रहा नहीं गया

मैंने मां के कान में धीरे से कहा- मां मैं नंगा हो जाता हूं

वो कुछ नहीं बोलीं

मुझे लगा कि वो सोई होंगी मैंने एक बार फिर से बोला- मां मैं नंगा होता हूं मुझे नंगा सोना है

अचानक मां के मुंह से आवाज आयी- हम्म बाथरूम की लाईट बंद कर ले

मैंने तुरंत ही बाथरूम का लाईट को बंद किया और नंगा होकर मां के बाजू में सो गया थोड़ी देर के बाद मैंने मेरी उंगली फिर मां की नाभि में घुसायी

उसी वक्त मां ने मेरा हाथ पकड़ा और अपनी साड़ी और पैंटी के अंदर घुसा कर मेरी उंगली अपनी चूत में घुसा दी

फिर क्या था मैंने भी उनका हाथ लिया और मेरा लंड उनके हाथ में दे दिया

अब मैं मां की चूत में उंगली डाल कर सोया था और मां मेरा लंड को पकड़ कर सोई थी

थोड़ी देर में मैंने धीरे से मां के कान में धीमे से कहा- मेरी नल्ली भर गई है पाइप फुल हो गया है

मां ने भी हल्के से कहा- हां मेरी भी बावड़ी भर कर तुंब हो गई है अपना पाइप वाला पंप डाल के उसका पानी निकाल दे

बस फिर क्या था मैं मां के ऊपर चढ़ गया उन्होंने मेरा लंड पकड़ा और अपनी चूत पर रख लिया मैंने तुरंत ही ठोकर देना शुरू कर दिया

मां को मानो चैन आ गया था वो बोल रही थी- ओह आह घुसा अपने पाइप को और अंदर घुसा मेरी बावड़ी के अंत तक घुसा दे चैम्बर में और घुसा डाल तेरा लंड घुसा बेटे तेरा मोटा पाइप

मैंने कहा- हां मां मैं आज आप का बोर बेल का काम पूरा करके ही रहूंगा

वो मुझसे चुदवाने लगीं

मैंने कहा- क्या मैं अभी आपको नाम से बोल सकता हूं?

मां ने कहा- हां क्यों नहीं लेकिन मैं मां ही सुनना पसंद करूंगी तू ऐसा समझ मेरा नाम मां ही है तुम मुझे मां ही बोला करो

मैं और जोर जोर से ठोकने लगा पूरा लंड घुसेड़ने लगा

मैं बोला- हाय मां तेरे मम्में तो एकदम खरबूजे जैसे बड़े है इनको तो मैं पूरा निचोड़ दूँगा तेरे ये मोटे चूतड़ वाली गांड वाली बड़ी बावड़ी में भी मैं मेरा पाइप पेलूंगा तुझे एकदम चुदक्कड़ बना कर रखूंगा

मां ने कहा- हां मेरे मोटे फल खूब चूसना काटना उनको पूरा निचोड़ देना मेरी गांड मारके उसे पूरी ढीली कर देना आह और तू क्या मुझे चुदक्कड़ बनाएगा मैं ही तुझे पूरा चुदक्कड़ बना दूंगी बेटे तुझे क्या लगता है एक बार चोद कर तू मेरी प्यास बुझा पाएगा अभी तो ये शुरूआत है

हां बेटा चोद और चोद पूरा घुसा अपना पाइप मेरी चूत में आज तू मादरचोद बन जा पूरा आह ओओ आ कुछ शरम मत कर चोद दे अपनी मां को चोद और जोर से चोद बेटे

मैंने और जोर जोर से चोदना चालू रखा उनके मुंह से आवाजें आने लगीं मुझे मजा आ रहा था मैंने और स्पीड बढ़ा दी

मैं बोला- मां मैं तुझे अपनी चूत में उंगली डाल के सोते हुए देखता था

मां ने कहा- अच्छा और तू चादर में ही मुठ मारता था ना मुझे देख कर लंड हिलाता था ना जब मैं अपनी साड़ी बदलती थी तब भी तू मुझे चादर के छेद से देखता था

मैंने कहा- ओह तो ये तुझे मालूम था मां?

मां ने कहा- हां नहीं तो क्या? मैं पहले ही समझ गई थी जब पहली बार देखा था मैं चूत में उंगली डाल कर तो हमेशा ही सोती हूं लेकिन तुझे देखने को मिले इसलिए मैं अब चादर नहीं लेती थी तुझे ये सीन देखने को मिले इसलिए बाथरूम का लाईट चालू रखती थी वो तो तेरे लिए एक इशारा था कि अब तो चोद दे मुझे

मैंने अपने धक्के और बढ़ा दिए

मां भी अपनी गांड नीचे से उछालने लगीं अब मैंने आखिरी ठोका दे दिया

मां भी चिल्ला दीं- उम्मम आह्ह्ह हाय ओह्ह्ह मर गई

मेरा पूरा पानी मां की चूत में घुसने लगा मां की भी चूत पूरी भर गई और वीर्य बाहर बहने लगा

फिर हम दोनों शांत होकर एक दूसरे से चिपक कर लेटे रहे

मैंने मां के होंठों को चूमा उनके होंठों को लिपलॉक किस भी किया हम दोनों ने काफी वक्त तक खुल कर बातें भी की मैं एकदम ब्वॉयफ्रेंड की तरह बात कर रहा था मां भी मेरे साथ मस्त हो गई थी

फिर मां उठ कर बाथरूम में गई और चूत साफ करके आई मैं भी बाथरूम में जाकर लंड साफ करके फिर से बेड पर आ गया हम फिर से बेड पर लेटे रहे और प्यार भरी बात करने लगे

मां ने कहा- एक बात बताऊं बेटे क्या तू वो करेगा?

मैंने कहा- हां मां तेरे लिए कुछ भी करूंगा

मां ने कहा- बेटे मैं वो अनुभव लेना चाहती हूं जिसमें औरत आदमी का लंड और आदमी औरत की चूत चाटता है वो करना चाहती हूं

मैंने कहा- बस इतनी सी बात उसको 69 की पोजीशन बोलते है

फिर मैं मां पर चढ़ गया मैंने मेरा लंड मां के मुंह में डाला और मैं मां की चूत चाटने लगा वैसा काफी वक्त चला मैं फिर से झड़ गया मां मेरा पूरा लंड रस चाट चूस कर पी गई मैं उनकी चूत का पानी चाट चूस कर पी गया

फिर हम दोनों वैसे ही नंगे पड़े रहे प्यार भरी बातें करते रहे

अब वैसे भी सुबह के 4 बजने वाले थे मां ने कहा- चल अब सुबह का मीठा वाला सेक्स करते है चल बाथरूम में करेगे

हमारे इस घर का बाथरूम छोटा था घर की सब लाईट ऑफ थी बाथरूम की भी बंद थी पूरा अंधेरा था

मां ने कहा- अब मैं तुझे सेक्स का असली मजा देती हूं

मैंने कहा- वो कैसे?

मां- मैं घुटनों पर बैठ कर कुतिया बन जाती हूं तू भी कुत्ते जैसे मेरे ऊपर चढ़ जा और मेरी गांड में अपना लंड पेल दे

मैंने भी वैसे ही किया पहले शॉवर ऑन किया और लंड में साबुन लगा कर मां की गांड में लंड पेल दिया

मां पहले तो चिल्लाई और बोलने लगीं- उम्मम आह्ह्ह हाय ओह्ह्ह मर गई रे आ और जोर से मजा आ रहा है और जोर से घुसा अपना लंड मेरी गांड में मार बेटा आज अपनी मां की गांड मार मजा आ रहा है मुझे आह और जोर घुसा दे बेटा और जोर से मार दे मेरी गांड पूरी कर दे मेरी गांड ढीली बेटा और जोर से चोद

मैं बोला- हां मां आज मैं पूरा लंड तेरी गांड में घुसा कर ही रहूंगा

मैं जोर जोर से ठोके दे रहा था मां की गांड में लंड घुसाए जा रहा था

फिर मैंने कहा- एक सवाल करूं मां?

मां ने कहा- हां कहो बेटा

मैंने कहा- मां तूने इतने सालों से सेक्स नहीं किया? सच बता और किसी से भी चुदवाया है?

मां ने कहा- नहीं बेटे मैंने किसी से चुदाई नहीं की तेरे मोटे जवान लंड और मेरी प्यासी चूत की कसम खाकर कहती हूं मैंने कभी किसी से नहीं चुदवाया

मैंने कहा- फिर तू अपनी सेक्स की प्यास कैसे बुझाती थी?

मां ने कहा- जब मैं घर अकेली होती थी तब अपनी चूत में उंगली डाल कर या गाजर मूली खीरा वगैरह डाल कर घंटों हस्तमैथुन करती थी प्लीज़ अब तू बात मत कर लंड को रोक मत मेरी गांड मार आह और जोर से मार

मैंने ठोके और जोर जोर से मारे और कहा- मां मुझे देखना है कि तू हस्तमैथुन कैसे करती हो

मां ने कहा- हां बेटा सब दिखाऊंगी लेकिन कल अब तू रुकना मत और मेरी जम के गांड मार मैं काफी टाईम से सेक्स की प्यासी हूं मेरी प्यासी चूत और गांड काफी सालों से लंड की भूखी है आज से तू मेरी चूत और गांड की भूख मिटा मैं कल तुझे हस्तमैथुन का अच्छा शो दिखाऊंगी प्लीज़ तू अब कुछ मत बोल और अपनी मां की गांड मार

मैं और जोर से लंड मां की गांड में पेलने लगा मां की गांड बड़ी थी लेकिन बड़ी टाईट थी मुझे मस्त लग रहा था मां की गांड ने मेरा लंड जकड़ कर रखा था

फिर मैंने आखिरी ठोका दिया मेरा लंड पूरा घुस गया मां भी जोर से चिल्लाई मेरे लंड ने मां की गांड में पानी छोड़ना शुरू कर दिया

मां की गांड मेरे रस से पूरी भर गई

फिर हम दोनों खड़े हो गए शॉवर लिया और बेड पर आकर नंगे ही एक दूसरे से चिपक कर सो गए

दूसरे दिन सब नॉर्मल था मैं मां को किस करता बीच बीच में उनके मम्में दबाता

दूसरे दिन मैं बेड पर था एक गद्दा जमीन पर बिछा था मां ने घर की सब खिड़कियां बंद की और परदे लगा दिए मां जमीन पर बिछायी हुई गद्दी पर आ गई मैं अभी भी बेड पर ही था

मैंने देखा कि आज मां ने साड़ी नहीं पहनी थी उन्होंने एक टी-शर्ट पहनी थी ये लंबी टी-शर्ट थी टी-शर्ट कसी हुई थी उसमें से भी उनके मम्में उभर कर दिख रहे थे उनके मम्में बहुत बड़े थे वो टी-शर्ट में थे ब्लाउज जैसी दरार नहीं दिख रही थी फिर भी मस्त लग रहे थे

फिर उन्होंने कहा- आज कुछ म्यूजिक लगा

मैंने एक सेक्सी सा म्यूजिक लगा दिया जिसमें एक औरत सिसिया रही थी फिर मैंने देखा कि मां भी मेरे सामने लेटे लेटे अपने मम्में हिलाने लगीं कमर हिलाने लगीं अपने मम्मों को शेक करने लगी

बाकी कहानी maa beta sex story के अगले भाग मां ने ताई की चूत दिलवाई- 2 में पढ़े