आप ने maa beta sex story के पिछले भाग धोबी मां बेटा- 4 में पढ़ा मां के चेहरे पर एक मुस्कान फैल गई और वो हंसते हुए बोली दिन में इतना कुछ हुआ था उससे तो तेरी थकान और बढ़ गई होगी नहीं दिन में थकान बढ़ने वाला तो कुछ नहीं हुआ था अब आप maa beta sex story में आगे पढ़े
Dhobi Maa Beta Sex Story 5
इस पर मां थोड़ा सा और मेरे पास सरक कर आई मां के सरकने पर मैं भी थोड़ा सा उसकी तरफ सरका हम दोनो की सांसे अब आपस में टकराने लगी थी
मां ने अपने हाथो को हल्के से मेरी कमर पर रखा और धीरे धीरे अपने हाथो से मेरी कमर और जांघों को सहलाने लगी मां की इस हरकत पर मेरे दिल की धड़कन बढ़ गई और लंड अब फुफ्करने लगा था
मां ने हल्के से मेरी जांघों को दबाया मैंने हिम्मत कर के हल्के से अपने हाथो को बढ़ा के मां की कमर पर रख दिया वो कुछ नहीं बोली बस हल्का सा मुस्कुरा दी मेरी हिम्मत बढ़ गई और मैं अपने हाथो से मां के नंगे कमर को सहलाने लगा मां ने केवल पेटीकोट और ब्लाउज पहन रखा था उसके ब्लाउज के उपर के दो बटन खुले हुए थे
इतने पास से उसके मम्मों की गहरी घाटी नज़र आ रही थी और मन कर रहा था जल्दी से जल्दी उन मम्मों को पकड़ लूं पर किसी तरह से अपने आप को रोक रखा था मां ने जब मुझे मम्मों को घूरते हुए देखा तो मुस्कुराते हुए बोली क्या इरादा है तेरा शाम से ही घूरे जा रहा है खा जाएगा क्या मेरे मम्में को?
नहीं मां तुम भी क्या बात कर रही हो मैं कहा घूर रहा था?
चल झूठे मुझे क्या पता नहीं चलता रात में भी वही करेगा क्या
क्या मां?
वही जब मैं सो जाउंगी तो अपना लंड भी मसलेगा और मेरे मम्मों को भी दबाएगा
नहीं मां
तुझे देख के तो यही लग रहा है कि तू फिर से वही हरकत करने वाला है
नहीं- मां
मेरे हाथ अब मां की नंगी जांघों को सहला रहे थे वैसे दिन में मज़ा आया था? पुछ कर मां ने हल्के से अपने हाथो को मेरे लूंगी के उपर लंड पर रख दिया
मैंने कहा हां मां बहुत अच्छा लगा था फिर करने का मन कर रहा है क्या
हां- मां
इस पर उस ने अपने हाथो का दवाब जरा सा मेरे लंड पर बढ़ा दिया और हल्के हल्के दबाने लगी उस के हाथो का स्पर्श पा के मेरी तो हालत खराब होने लगी थी ऐसा लग रहा था की अभी के अभी पानी निकल जाएगा
तभी मां बोली जो काम तू मेरे सोने के बाद करने वाला है वो काम अभी कर ले चोरी चोरी करने से तो अच्छा है कि जो करना है तू मेरे सामने ही कर ले
मैं कुछ नहीं बोला और अपने हाथो को हल्के से मां के मम्मों पर रख दिया मां ने अपने हाथो से मेरे हाथो को पकड़ कर अपने मम्मों पर कस के दबाया और मेरी लूंगी को आगे से उठा दिया और अब मेरे लंड को सीधे अपने हाथो से पकड़ लिया मैंने भी अपने हाथो का दवाब उसके मम्मों पर बढ़ा दिया
मेरे अंदर की आग एकदम भड़क उठी थी और अब तो ऐसा लग रहा था की जैसे इन मम्मों को मुंह में ले कर चूस लू मैंने हल्के से अपने गर्दन को और आगे की तरफ बढ़ाया और अपने होठों को ठीक मम्मों के पास ले गया मां शायद मेरे इरादे को समझ गई थी उसने मेरे सिर के पीछे हाथ डाला और अपने मम्मों को मेरे चेहरे से दबा दिया
हम दोनो अब एक दूसरे की तेज़ चलती हुई सांसो को महसूस कर रहे थे मैंने अपने होठों से ब्लाउज के उपर से ही मां के मम्मों को अपने मुंह में भर लिया और चूसने लगा मेरा दूसरा हाथ कभी उसके मम्मों को दबा रहा था कभी उसके मोटे मोटे चूतड़ों को
मां ने भी अपना हाथ तेज़ी के साथ चलना शुरू कर दिया था और मेरे मोटे लंड को अपने हाथ से मुठिया रही थी मेरा मज़ा बढ़ता जा रहा था तभी मैंने सोचा ऐसे करते करते तो मां फिर मेरा माल निकल देगी
शायद फिर कुछ देखने भी नहीं दे जबकि मैं आज तो मां को पूरा नंगा करके जी भर के उसके बदन को देखना चाहता था इसलिए मैंने मां के हाथो को पकड़ लिया और कहा मां रूको
क्यों मज़ा नहीं आ रहा है क्या जो रोक रहा है
मां मज़ा तो बहुत आ रहा है मगर
फिर क्या हुआ
फिर मां मैं कुछ और करना चाहता हूं ये तो दिन के जैसे ही हो जाएगा
इस पर मां मुस्कुराते हुए पूछा तो तू और क्या करना चाहता है तेरा पानी तो ऐसे ही निकलेगा ना और कैसे निकलेगा
नहीं मां पानी नहीं निकलना मुझे
तो फिर क्या करना है
मां देखना है
क्या देखना है रे
मां ये देखना है कह कर मैंने एक हाथ सीधा मां की चूत पर रख दिया
बदमाश ये कैसी तमन्ना पल ली तूने
मां बस एक बार दिखा दो ना
इधर आ मेरे पैरो के बीच में अभी तुझे दिखाती हूं पर एक बात जान ले तू पहली बार देख रहा है देखते ही तेरा पानी निकल जाएगा समझा
फिर मां ने अपने हाथो से पेटीकोट के निचले भाग को पकड़ा और धीरे धीरे उपर उठाने लगी मेरी हिम्मत तो बढ़ ही चुकी थी मैंने धीरे से मां से कहा ओह मां ऐसे नहीं
मां- तो फिर कैसे रे कैसे देखेगा
मां पूरा खोल के दिखाओ ना
पूरा खोल के से तेरा क्या मतलब है
पूरा कपड़ा खोल के मेरी बड़ी तमन्ना है की मैं तुम्हारे पूरे बदन को नंगा देखूं
मां ने मेरे लंड को फिर से अपने हाथो में पकड़ लिया और मुठियाने लगी इस पर मैं बोला ओह छोड़ दो मां ज्यादा करोगी तो अभी निकल जाएगा
कोई बात नहीं अभी निकल ले अगर पूरा खोल के दिखा दूंगी तो फिर तो तेरा देखते ही निकल जाएगा पूरा खोल के देखना है ना अभी इतना सुनते ही मेरा दिल तो बल्लियों उछलने लगा
हां मां सच में दिखाओगी ना?
हां दिखाउंगी मेरे राजा बेटा जरूर दिखाउंगी अब तो तू पूरा जवान हो गया है और काम करने लायक भी हो गया है अब तो तुझे ही दिखना है सब कुछ और तेरे से अपना सारा काम करवाना है मुझे
मां और तेज़ी के साथ मेरे लंड को मुठिया रही थी और बार बार मेरे लंड के सुपाड़े को अपने अंगूठे से दबा भी रही थी
मां बोली अभी जल्दी से तेरा निकल देती हूं फिर देख तुझे कितना मज़ा आएगा अभी तो तेरी ये हालत है की देखते ही झर जाएगा एक पानी निकल दे फिर देख तुझे कितना मज़ा आता है
ठीक है मां निकाल दो एक पानी मैं भी तेरा मम्मां दबाऊं?
अब आया ना लाइन पर पूछता क्या है दबा ना दबा मेरे मम्मों को इस से तेरा पानी जल्दी निकलेगा क्या भयंकर लंड है पता नहीं इस उमर में ये हाल है जब इस छोकरे के लंड का तो पूरा जवान होगा तो क्या होगा मैंने अपने दोनों हथेलियो में मां के मम्में भर लिए और उन्हे खूब कस कस के दबाने लगा
गजब का मज़ा आ रहा था ऐसा लग रहा था जैसे की मैं पागल हो जाउंगा दोनों मम्में किसी अनार की तरह से सख्त और गुदाज़ थी उसके मोटे मोटे निपल भी ब्लाउज के उपर से पकड़ में आ रहे थे मैं दोनों निपल के साथ साथ पूरे मम्में को ब्लाउज के उपर से पकड़ कर दबाए जा रहा था
मां के मुंह से अब सिसकारियां निकलने लगी थी और वो मेरा उत्साह बढाते जा रही थी हां बेटा शाबाश ऐसे ही दबा मेरे मम्मों को क्या लंड है पता नहीं घोड़े का है या सांड का ठहर जा अभी इसे चूस के तेरा पानी निकलती हूं
मां यह कह कर नीचे की तरफ झुक गई जल्दी से मेरा लंड अपने होंठो के बीच कैद कर लिया और सुपारे को होंठो के बीच दबा के खूब कस कस के चूसने लगी जैसे कि पीपे लगा के कोई कोका कोला पीता है
मैं उसके मम्मों को अब और ज्यादा जोर से दबा रहा था मेरी भी सिसकारियां निकलने लगी थी मेरा पानी अब छूटने वाला ही था रे मेरी मां निकला रे निकला मेरा निकल गया ओह मां सारा का सारा पानी तेरे मुंह में ही निकल गया रे मां का हाथ अब और तेज गति से चलने लगा ऐसा लग रहा था जैसे वो मेरे पानी को गटागट पीते जा रही है
मेरे लंड के सुपारे से निकले एक एक बूंद पानी चूस जाने के बाद मां ने अपने होंठो मेरे को मेरे लंड पर से हटा लिया और मुस्कुराती हुई मुझे देखने लगी और बोली कैसा लगा
मैंने कहा बहुत अच्छा और बिस्तर पर एक तरफ लुढ़क गया मेरे साथ साथ मां भी लुढ़क के मेरे बगल में लेट गई और मेरे होंठो और गालो को थोड़ी देर तक चूमती रही थोड़ी देर तक आंख बंद कर के पड़े रहने के बाद जब मैं उठा तो देखा की मां ने अपनी आंखे बंद कर रखी है और अपने हाथो से अपने मम्मों को हल्के हल्के सहला रही थी
मैं उठ कर बैठ गया और धीरे से मां के पैरों के पास चला गया मां ने अपना एक पैर मोड़े रखा था और एक पैर सीधा कर के रखा हुआ उसका पेटीकोट उसके जांघों तक उठा हुआ था पेटीकोट के उपर और नीचे के भागो के बीच में एक गैप सा बन गया था उस गैप से उसकी झांट अंदर तक नज़र आ रही थी
उसकी गुदज जांघों के उपर हाथ रख के मैं हल्का सा झुक गया और अंदर तक देखने के लिए हालांकि अंदर रोशनी बहुत कम थी परंतु फिर भी मुझे उसके काले काले झाटों के दर्शन हो गये झाटों के कारण चूत तो नहीं दिखी परंतु चूत की खुशबू जरूर मिल गई
तभी मां ने अपनी आंखे खोल दी और मुझे अपने जाघों के बीच झांकते हुए देख कर बोली हाय दैया उठ भी गया तू मैं तो सोच रही थी अभी कम से कम आधा घंटा शांत पड़ा रहेगा और मेरी जांघों के बीच क्या कर रहा है? देखो इस लड़के को चूत देखने के लिए दीवाना हुआ बैठा है
फिर मुझे अपने बांहों में भर कर मेरे गाल पर चुम्मी काट कर बोली मेरे लाल को अपनी मां की चूत देखनी है ना अभी दिखती हूं मेरे छोरे है मुझे नहीं पता था कि तेरे अंदर इतनी बेकरारी है चूत देखने की
मेरी भी हिम्मत बढ़ गई थी मां जल्दी से खोलो और दिखा दो
अभी दिखती हूं कैसे देखेगा बता ना
कैसे क्या मां खोलो ना बस जल्दी से
तो ले ये है मेरे पेटीकोट का नाड़ा खुद ही खोल के मां को नंगा कर दे और देख ले
हाय मां मेरे से नहीं होगा तुम खोलो ना
क्यों नहीं होगा जब तू पेटीकोट नहीं खोल पाएगा तो आगे का काम कैसे करेगा
मां आगे का भी काम करने दोगी क्या?
मेरे इस सवाल पर मां ने मेरे गालो को मसलते हुए कहा क्यों आगे का काम नहीं करेगा क्या अपनी मां को ऐसे ही प्यासा छोड़ देगा तू तो कहता था कि तुझे ठंडा कर दूंगा पर तू तो मुझे गरम कर छोड़ने की बात कर रहा है मां मेरा ये मतलब नहीं था मुझे तो अपने कानो पर विश्वास नहीं हो रहा कि तुम मुझे और आगे बढ़ने दोगी
गधे के जैसा लंड होने के साथ साथ तेरा तो दिमाग़ भी गधे के जैसा ही हो गया है लगता है सीधा खोल के ही पुछना पड़ेगा बोल चोदेगा मुझे? चोदेगा अपनी मां को मां की चूत चाटेगा? और फिर उसमे अपना लंड डालेगा बोल ना
हां मां सब करुंगा सब करुंगा जो तू कहेगी वो सब करुंगा है मुझे तो विश्वास नहीं हो रहा की मेरा सपना सच होने जा रहा है ओह मेरे सपनो में आने वाली परी के साथ सब कुछ करने जा रहा हूं क्यों सपनो में तुझे और कोई नहीं मैं ही दिखती थी क्या हां मां तुम्ही तो हो मेरे सपनो की परी पूरे गावं में तुमसे सुंदर कोई नहीं है
मेरे 16 साल के जवान छोकरे को उसकी मां इतनी सुंदर लगती है क्या?
हां मां सच में तुम बहुत सुंदर हो और मैं तुम्हे बहुत दिनों से चोदना चाहता हूं पर कह नहीं पाता था कोई बात नहीं बेटा अभी भी कुछ नहीं बिगड़ा है वो भला हुआ कि आज मैंने खुद ही पहल कर दी चल आ देख अपनी मां को नंगा और आज से बन जा उसका सैयां कह कर मां बिस्तर के नीचे उतर गई और मेरे सामने आके खडी हो गई और धीरे धीरे करके अपने ब्लाउज के एक बटन को खोलने लगी
ऐसा लग रहा था जैसे चांद बादल में से निकल रहा है धीरे धीरे उसके गोरे गोरे मम्में दिखने लगे ओह गजब के मम्में थे देखने से लग रहा था जैसे की दो बड़े बड़े नारियल हों दोनों तरफ लटक रहे हो एकदम गोल और आगे से नुकीले तीर के जैसे
मम्मों पर नसों की नीली रेखाएं स्पष्ट दिख रही थी निपल थोड़े मोटे और एकदम कड़े थे और उनके चारो तरफ हल्का गुलाबीपन लिए हुए गोल गोल घेरा था निपल भूरे रंग के थे
मां अपने हाथो से अपने मम्मों को नीचे से पकड़ कर मुझे दिखाती हुई बोली पसंद आई अपनी मां के मम्में कैसे लगे बेटा बोल ना फिर आगे का दिखाउंगी हां मां तुम सच में बहुत सुंदर हो ओह कितने सुंदर मम्में है ओह
मां ने अपने मम्मों पर हाथ फेरते हुए और अच्छे से मुझे दिखाते हुए हल्का सा हिलाया और बोली खूब सेवा करनी होगी इसकी तुझे देख कैसे शान से सिर उठाए खड़ा है इस उमर में भी तेरे बाप के बस का तो है नहीं अब तू ही इन्हे संभालना कह कर वो फिर अपने हाथो को अपने पेटीकोट के नाड़ा पर ले गई और बोली अब देख बेटा तुझे जन्नत का दरवाजा दिखती हूं
अपनी मां का स्पेशल मालपुआ देख जिसके लिए तू इतना तरस रहा था कह कर मां ने अपने पेटीकोट के नाड़ा को खोल दिया पेटीकोट उसके कमर से सरसराते हुए सीधा नीचे गिर गया और मां ने एक पैर से पेटीकोट को एक तरफ उछल कर फेंक दिया और बिस्तर के और नज़दीक आ गई फिर बोली बेटा तूने तो मुझे एकदम बेशरम बना दिया
फिर मेरे लंड को अपने मुट्ठी में भर के बोली ओह तेरे इस सांड जैसे लंड ने तो मुझे पागल बना दिया है देख ले अपनी मां को जी भर के
मेरी नज़रे मां के जांघों के बीच में उसकी मस्त चूत पर टिकी हुई थी मां की गोरी गोरी चिकनी रानों के बीच में काले काले झाटों का एक तिकोना बना हुआ था झांट बहुत ज्यादा बड़े नहीं थे झांटों के बीच में से उसकी गुलाबी चूत की हल्की झलक मिल रही थी
मैंने अपने हाथो को मां की जांघों पर रखा और थोडा नीचे झुक कर ठीक चूत के पास अपने चेहरे को ले जा के देखने लगा मां ने अपने दोनों हाथ को मेरे सिर पर रख दिया और मेरे बालो से खेलने लगी
बाकी कहानी maa beta sex story के अगले भाग धोबी मां बेटा- 6 में पढ़े